कृति सेनन के कपड़ों पर बयान से पलटीं कंगना

नई दिल्ली, 27 अगस्त 2026 । कृति सेनन के रक्षाबंधन विज्ञापन में पहने गए कपड़ों पर सवाल उठाने के बाद अब कंगना रनौत ने अपने बयान को लेकर सफाई दी है। कंगना ने कहा कि किसी महिला को अपनी पसंद के कपड़े पहनने से कोई नहीं रोक रहा और वह रक्षाबंधन पर भी अपनी पसंद का पहनावा चुन सकती है।

दरअसल, कंगना ने पहले कृति सेनन के एक ज्वेलरी विज्ञापन पर सवाल उठाते हुए पूछा था कि भाई को राखी बांधते समय बिकिनी या अंतर्वस्त्र जैसे दिखने वाले कपड़े पहनने की क्या जरूरत थी। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई थी।

इंटरव्यू में जब कंगना से कृति सेनन के कपड़ों पर दिए गए उनके पुराने बयान के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा, “जिस तरह की फिल्मों में हम उन्हें देखते हैं, उन्हें कौन रोक रहा है कुछ पहनने से? किसने उन्हें रोका है, किसको क्या पड़ी है?” इसके साथ ही कंगना ने कहा कि रक्षाबंधन के मौके पर कोई भी महिला अपनी पसंद के कपड़े पहन सकती है।

कृति ने दिया था करारा जवाब

कंगना की टिप्पणी के बाद कृति सेनन ने बिना उनका नाम लिए महिलाओं के पहनावे को लेकर समाज की सोच पर सवाल उठाया था। कृति ने कहा था कि त्योहारों की भावना कपड़ों से नहीं बल्कि उनसे जुड़े भाव और परंपराओं से होती है। उन्होंने यह भी सवाल किया कि आखिर महिलाओं को यह बताना कब बंद किया जाएगा कि उन्हें क्या पहनना चाहिए।

कंगना ने अब क्या कहा?

अब कंगना ने स्पष्ट किया कि उनका सवाल कृति को कुछ पहनने से रोकने को लेकर नहीं था। उन्होंने कहा कि कोई भी महिला अपनी पसंद के कपड़े पहन सकती है और किसी को उससे कोई लेना-देना नहीं होना चाहिए। हालांकि, उन्होंने अपने शुरुआती विरोध को रक्षाबंधन के सांस्कृतिक संदर्भ से जोड़ते हुए कहा कि उनकी आपत्ति विज्ञापन में त्योहार की प्रस्तुति को लेकर थी।

विज्ञापन भी वापस ले चुका है ब्रांड

कृति सेनन का रक्षाबंधन विज्ञापन विवाद बढ़ने के बाद ज्वेलरी ब्रांड GIVA ने उसे वापस ले लिया। ब्रांड ने कहा कि अभियान का उद्देश्य किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था, लेकिन विवाद के बीच विज्ञापन हटा दिया गया।

कंगना के ताजा बयान के बाद विवाद का फोकस अब केवल कृति के पहनावे से हटकर त्योहारों की सांस्कृतिक प्रस्तुति, महिलाओं की पसंद और विज्ञापनों में परंपरा बनाम आधुनिकता की बहस पर आ गया है।

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