अंबाला, 26 अगस्त 2026 । बॉलीवुड अभिनेत्री कृति सेनन के रक्षाबंधन से जुड़े विज्ञापन और उनके बयान को लेकर चल रहे विवाद में अब हरियाणा के मंत्री अनिल विज भी कूद पड़े हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा कृति सेनन के विचारों का समर्थन किए जाने पर विज ने तीखी प्रतिक्रिया दी और राहुल गांधी पर निशाना साधा।
कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने कहा कि भारत में महिलाओं को कपड़े पहनने की पूरी आजादी है, लेकिन इसके साथ ही हमें अपने धर्म और परंपराओं का सम्मान भी रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि राखी भाई-बहन के पवित्र रिश्ते का त्योहार है और इस मौके पर किस तरह की पोशाक होनी चाहिए, यह देश की बहनें अच्छी तरह जानती हैं। इसी दौरान अनिल विज ने राहुल गांधी पर तंज कसते हुए उनकी धार्मिक पृष्ठभूमि को लेकर टिप्पणी की और कहा कि राहुल गांधी पारसी हैं, इसलिए उन्हें भारत के धर्म, संस्कृति और संस्कार की क्या जानकारी है।
वहीं, देश में चीनी की बढ़ती कीमतों को लेकर कांग्रेस द्वारा चंडीगढ़ में चीनी का लंगर लगाए जाने पर भी अनिल विज ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि चीनी की कीमतों को लेकर केंद्र सरकार ने संज्ञान लिया है और विदेशों से बड़ी मात्रा में चीनी का आयात किया गया है। उनका दावा है कि इससे जल्द ही चीनी के दाम सामान्य होने की उम्मीद है।
दरअसल, कृति सेनन के एक रक्षाबंधन विज्ञापन में उनके पहनावे और त्योहार की प्रस्तुति को लेकर सोशल मीडिया पर विवाद शुरू हुआ था। आलोचनाओं के जवाब में कृति ने महिलाओं की पसंद और स्वतंत्रता का समर्थन करते हुए अपनी बात रखी। उन्होंने संस्कृति को कपड़ों से जोड़ने पर भी सवाल उठाया।
कृति के समर्थन में राहुल गांधी ने महिलाओं की पसंद और आजादी का समर्थन करते हुए पोस्ट किया था। उन्होंने पितृसत्ता के खिलाफ आवाज उठाने की बात कही। इसके बाद इस मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई।
अनिल विज ने राहुल गांधी के कृति के समर्थन पर सवाल उठाते हुए उनकी पृष्ठभूमि और भारतीय संस्कृति की समझ को लेकर टिप्पणी की। विज ने कहा कि महिलाओं को अपनी पसंद के कपड़े पहनने की आजादी है, लेकिन इसके साथ भारतीय संस्कृति और परंपराओं के सम्मान की बात भी जरूरी है।
इस विवाद में बीजेपी सांसद कंगना रनौत भी राहुल गांधी पर निशाना साध चुकी हैं। उन्होंने राहुल के समर्थन को लेकर तंज कसा और महिलाओं से जुड़े राजनीतिक मुद्दों पर कांग्रेस के रुख पर सवाल उठाए।
अब कृति सेनन के विज्ञापन से शुरू हुआ विवाद बॉलीवुड से निकलकर सीधे राजनीतिक बहस का मुद्दा बन गया है। आने वाले दिनों में इस पर नेताओं और फिल्मी सितारों की और प्रतिक्रियाएं सामने आने की संभावना है।